कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशों के अनुपालन में जिले में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा राष्ट्रीय पोषण माह 2026 का सफल क्रियान्वयन किया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में विविध गतिविधियों के माध्यम से बच्चों, गर्भवती एवं शिशुवती माताओं तथा किशोरी बालिकाओं को संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व से अवगत कराया जा रहा है, जिससे समुदाय स्तर पर पोषण के प्रति व्यापक जागरूकता विकसित हो रही है।
परियोजना रामचन्द्रपुर के सेक्टर पिपरौल में पोषण माह अंतर्गत रंग-बिरंगी थाली का आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न रंगों के फल, सब्जियों एवं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थों को थाली में सजाकर संतुलित आहार की अवधारणा को सहज एवं रोचक ढंग से समझाया गया। इसी क्रम में सेक्टर की कार्यकर्ताओं द्वारा अपने-अपने केंद्रों में न्योता भोज का आयोजन कर बच्चों को पौष्टिक आहार परोसा गया।
परियोजना रामचन्द्रपुर के सेक्टर जामवंतपुर तथा ग्राम पंचायत पशुपतिपुर के अंतर्गत सेक्टर पशुपतिपुर में भी न्योता भोज का आयोजन किया गया, जहाँ समुदाय की सहभागिता से बच्चों को स्थानीय पौष्टिक व्यंजन उपलब्ध कराए गए। इसी प्रकार परियोजना वाड्रफनगर के सेक्टर वाड्रफनगर में भी न्योता भोज आयोजित कर बच्चों को पोषणयुक्त आहार वितरित किया गया। इन आयोजनों में जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों एवं पालकों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखने को मिली।
न्योता भोज की यह पहल पोषण के साथ-साथ सामुदायिक सहभागिता, समानता एवं सामाजिक समरसता की भावना को भी सुदृढ़ करती है, जिसमें समुदाय के सदस्य स्वेच्छा से बच्चों के लिए पौष्टिक भोजन की व्यवस्था में सहयोग करते हैं। विभाग द्वारा पोषण माह के दौरान वजन एवं ऊँचाई मापन, पोषण चौपाल, स्थानीय पोषक आहार की प्रदर्शनी तथा जागरूकता रैली जैसी गतिविधियाँ भी संचालित की जा रही हैं।
जिला प्रशासन का प्रयास है कि पोषण माह केवल औपचारिक आयोजन बनकर न रह जाए, बल्कि इसके माध्यम से कुपोषण के विरुद्ध व्यवहार परिवर्तन की सशक्त नींव तैयार हो और प्रत्येक बच्चा स्वस्थ