अंबागढ़ चौकी। छत्तीसगढ़ के मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिले से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। घरेलू विवाद के दौरान एक पिता संतराम उइके ने अपने बेटे शेखर उइके की गोली मारकर हत्या कर दी, जबकि पत्नी भी फायरिंग में घायल हो गई। वारदात के एक दिन बाद आरोपी पिता ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस के अनुसार, आरोपी संतराम उडके पेशे से ईंट भट्ठे में काम करता था और अपनी पत्नी शांति बाई के साथ गांव के बाहर एक झोपड़ी में रहता था।
शुक्रवार रात संतराम नशे की हालत में था और इसी दौरान उसका पत्नी से झगड़ा हो गया। झगड़ा बढ़ने पर उसने शांति बाई के साथ बुरी तरह मारपीट की।
पड़ोसियों ने मारपीट की जानकारी बेटे शेखर उडके को दी। खबर मिलते ही शेखर झोपड़ी पहुंचा और अपने पिता से पूछा कि उन्होंने मां को बेरहमी से क्यों पीटा। शेखर ने पिता को समझाने की कोशिश भी की और मां के साथ झोपड़ी के पीछे बैठ गया।
इसी बीच गुस्से में बेकाबू संतराम घर के अंदर गया और भरमार बंदूक लेकर लौटा। उसने सीधे अपने बेटे शेखर पर गोली चला दी, जिससे मौके पर ही शेखर की मौत हो गई। फायरिंग के दौरान पत्नी शांति बाई भी छर्रे लगने से घायल हो गई। वारदात के बाद आरोपी संतराम मौके से फरार हो गया। शनिवार देर रात, उसने अपने घर के बाहर एक पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
आत्महत्या की सूचना मिलने पर पुलिस रविवार को मौके पर पहुंची। जांच के लिए फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया पंचनामा के बाद पुलिस ने,पिता-पुत्र दोनों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं , पुलिस का मानना है कि बेटे की हत्या के बाद मानसिक दबाव में आकर आरोपी ने आत्महत्या की, पुलिस ने बताया कि आरोपी संतराम के एक बेटे की कुछ साल पहले सड़क हादसे में मौत भी हो चुकी थी, जिससे परिवार पहले से तनाव में था।
इस घटना के बाद गांव में शोक और दहशत का माहौल है। एक मां ने बेटा खोया, एक बेटा पिता की हिंसा का शिकार हुआ और पूरा परिवार उजड़ गया।