358 किलो हेरोइन बरामदगी मामले में वांछित था आरोपी, इंटरपोल रेड नोटिस के बाद CBI और दिल्ली पुलिस ने मिलकर की बड़ी कार्रवाई।
नई दिल्ली। भारत की जांच एजेंसियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी सफलता मिली है। लंबे समय से फरार चल रहे प्रभदीप सिंह को अजर बैजान से भारत प्रत्यर्पित कर लिया गया है। सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने बुधवार को इसकी पुष्टि की।
प्रभदीप सिंह पर दिल्ली में दर्ज बड़े नारकोटिक्स मामले में शामिल होने का आरोप है। उसके खिलाफ NDPS Act के तहत केस दर्ज था और जांच एजेंसियां उसे अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट का मुख्य आयोजक मानती हैं।
दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल के अनुसार, यह मामला 2021 में सामने आया था, जब जांच के दौरान कुल 358 किलो हेरोइन बरामद की गई थी। इस नेटवर्क के तार दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश और विदेशों तक जुड़े पाए गए थे।
जांच में सामने आया कि प्रभदीप सिंह उर्फ “हैरी” तुर्की में बैठे ड्रग किंगपिन नवप्रीत सिंह उर्फ “नव” के लिए भारत में ऑपरेशन संभालता था। पुलिस के मुताबिक, वह सिंडिकेट के सदस्यों तक निर्देश पहुंचाने, ड्रग खेप की निगरानी और नेटवर्क के समन्वय का काम करता था।
दिल्ली पुलिस के अनुरोध पर CBI ने इंटरपोल के जरिए उसके खिलाफ Red Notice जारी कराया था। बाद में अजरबैजान की एजेंसियों ने उसे ट्रैक कर गिरफ्तार किया। इसके बाद भारत सरकार ने औपचारिक प्रत्यर्पण प्रक्रिया शुरू की।
CBI, विदेश मंत्रालय (MEA), गृह मंत्रालय (MHA) और दिल्ली पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के बाद प्रभदीप सिंह को भारत लाया गया। दिल्ली पुलिस की तीन सदस्यीय टीम बाकू जाकर उसे लेकर दिल्ली पहुंची।
अधिकारियों का कहना है कि प्रभदीप से पूछताछ के बाद अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क और उसके विदेशी कनेक्शन को लेकर कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। एजेंसियां अब इस पूरे सिंडिकेट की फंडिंग और विदेशी नेटवर्क की जांच में जुटी हैं।