दुर्ग। मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत दुर्ग ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के ग्राम अंडा में कांग्रेस पार्टी ने जन चौपाल के जरिए भाजपा सरकार पर सीधा राजनीतिक हमला बोला। चौपाल में ग्रामीणों को बताया गया कि कैसे केंद्र की भाजपा सरकार देश की सबसे बड़ी ग्रामीण रोजगार योजना मनरेगा को कमजोर कर उसे धीरे-धीरे खत्म करने की साजिश रच रही है।
इस जन चौपाल में पूर्व केबिनेट मंत्री एवं प्रदेश के पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू, जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग ग्रामीण के अध्यक्ष राकेश ठाकुर, कार्यक्रम प्रभारी राजेंद्र साहू सहित कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू ने कहा कि भाजपा सरकार की नीयत शुरू से ही मनरेगा के खिलाफ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा न केवल मनरेगा का नाम बदलने की कोशिश कर रही है, बल्कि बजट में कटौती, भुगतान में देरी और नए प्रावधानों के जरिए इसे कागजों तक सीमित करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने दो टूक कहा कि मनरेगा कोई योजना नहीं, बल्कि 2005 में यूपीए सरकार द्वारा बनाया गया अधिकार आधारित कानून है, जो हर ग्रामीण परिवार को 100 दिन के रोजगार की गारंटी देता है, और भाजपा इसी गारंटी से डरती है।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने भाजपा सरकार को गरीब विरोधी और मजदूर विरोधी करार देते हुए कहा कि “भाजपा सरकार के पास उद्योगपतियों के हजारों करोड़ के कर्ज माफ करने का बजट है, लेकिन मनरेगा के लिए नहीं। राज्यों को मजबूर किया जा रहा है कि वे केंद्र की नाकामी का बोझ खुद उठाएं, यह संघीय ढांचे और सामाजिक न्याय दोनों पर हमला है।
कार्यक्रम प्रभारी राजेंद्र साहू ने कहा कि भाजपा सरकार मनरेगा जैसी जनकल्याणकारी योजनाओं को खत्म करने का एजेंडा लेकर चल रही है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि कांग्रेस और देश की जनता मिलकर भाजपा के इस एजेंडे को सफल नहीं होने देगी और जरूरत पड़ी तो सड़क से संसद तक संघर्ष किया जाएगा।
जिला किसान कांग्रेस अध्यक्ष पुकेश चंद्राकर ने भाजपा सरकार को पूंजीपतियों की कठपुतली सरकार बताया। उन्होंने कहा कि गरीबों और मजदूरों के हाथ से रोजगार छीनकर कॉरपोरेट घरानों को फायदा पहुंचाया जा रहा है। मनरेगा को कमजोर करना ग्रामीण भारत की कमर तोड़ने जैसा है, लेकिन भाजपा इसे नाम बदलने का मुद्दा बताकर जनता को गुमराह कर रही है।
ब्लॉक अध्यक्ष दुर्ग ग्रामीण देवेंद्र देशमुख ने कहा कि भाजपा सरकार ने नए प्रावधानों के जरिए रोजगार की गारंटी को ही खत्म कर दिया है। अब काम वहां मिलेगा जहां केंद्र चाहेगा, और उतना ही मिलेगा जितना बजट दिया जाएगा। यह मनरेगा नहीं, बल्कि गरीबों के साथ खुला धोखा है।
जन चौपाल में
पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू,
जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर,
कार्यक्रम प्रभारी राजेंद्र साहू,
उपाध्यक्ष जनपद पंचायत दुर्ग राकेश हिरवानी,
जिला किसान कांग्रेस अध्यक्ष पुकेश चंद्राकर,
ब्लॉक अध्यक्ष देवेंद्र देशमुख,
पूर्व सभापति योगिता चंद्राकर,
पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष प्रदीप चंद्राकर,
पूर्व सभापति टिकेश्वरी देशमुख,
सरपंच अंडा दिग्विजय सिन्हा सहित
सैकड़ों ग्रामीण महिला-पुरुष मौजूद रहे।