जयपुर। ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर भारतीय सेना, वायुसेना और नौसेना के शीर्ष अधिकारियों ने पाकिस्तान और आतंकवाद के खिलाफ कड़ा संदेश दिया। जयपुर में आयोजित कार्यक्रम में सेना के अधिकारियों ने साफ कहा कि “यह अंत नहीं, बल्कि शुरुआत है” और भविष्य में किसी भी आतंकी हरकत का और ज्यादा ताकत से जवाब दिया जाएगा।
पूर्व DGMO लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर भारत की रणनीतिक ताकत और आत्मनिर्भर सैन्य क्षमता का बड़ा उदाहरण बना। उन्होंने कहा कि “आतंकवाद के हर हमले की कीमत चुकानी पड़ेगी।”
कार्यक्रम में ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सेना की कार्रवाई और उपलब्धियों को भी साझा किया गया। एयर मार्शल एके भारती ने बताया कि भारतीय बलों ने पाकिस्तान के 11 एयरफील्ड को निशाना बनाया था और कई सैन्य संसाधनों को नुकसान पहुंचाया गया।
गौरतलब है कि ऑपरेशन सिंदूर 7 मई 2025 को पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में शुरू किया गया था। इस अभियान में भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पीओके में आतंकी ठिकानों पर कार्रवाई की थी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ऑपरेशन सिंदूर की वर्षगांठ पर सशस्त्र बलों के साहस, सटीकता और संकल्प की सराहना की।