अंबिकापुर के खरसिया चौक की बदहाल सड़क पर बैले डांसर सिद्धार्थ यादव ने अनोखे अंदाज में जताया विरोध, मुख्यमंत्री ने सरगुजा कलेक्टर से फोन पर ली जानकारी
अंबिकापुर। शहर की बदहाल सड़कों और जगह-जगह बने गड्ढों को लेकर लोगों की परेशानी अब अनोखे अंदाज में सामने आने लगी है। अंबिकापुर के खरसिया चौक की जर्जर सड़क को लेकर बैले डांसर सिद्धार्थ यादव ने ऐसा विरोध दर्ज कराया, जिसका वीडियो इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। सिद्धार्थ ने बैले की वेशभूषा में सड़क के बड़े गड्ढों के बीच नृत्य करते हुए सड़क की स्थिति को लोगों और प्रशासन के सामने रखा।
सिद्धार्थ का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हुआ। इसके जरिए उन्होंने यह दिखाने की कोशिश की कि जिस सड़क पर लोगों को सुरक्षित आवागमन करना चाहिए, वहां बारिश के बाद बड़े-बड़े गड्ढे और जलभराव परेशानी का कारण बने हुए हैं। खबर सामने आने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी मामले का संज्ञान लिया।
मुख्यमंत्री ने कलेक्टर से फोन पर ली जानकारी
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सरगुजा कलेक्टर अजीत वसंत से दूरभाष पर चर्चा कर खरसिया चौक की सड़क की स्थिति की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कलेक्टर को तत्काल मौके का निरीक्षण कराने और आवश्यक सुधार कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने खरसिया चौक की सड़क पर बने बड़े गड्ढों को भरने, सड़क का समतलीकरण कराने और जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त करने को कहा है। साथ ही जिन स्थानों पर यातायात का दबाव अधिक है, वहां पुलिस और यातायात विभाग के साथ समन्वय कर सुरक्षित एवं निर्बाध आवागमन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
बारिश में बढ़ जाती है परेशानी
अंबिकापुर की सड़कों की बदहाली का मुद्दा बारिश के दौरान और गंभीर हो जाता है। सड़क के गड्ढों में पानी भर जाने से वाहन चालकों को गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता। इससे आवागमन प्रभावित होने के साथ दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है।
खरसिया चौक क्षेत्र की सड़क को लेकर इससे पहले भी विरोध के अलग-अलग तरीके सामने आ चुके हैं। अगस्त में भी सामाजिक कार्यकर्ताओं ने गड्ढे में भरे पानी के बीच अनोखे अंदाज में प्रदर्शन कर सड़क की बदहाली पर ध्यान आकर्षित किया था।
सभी जिलों की सड़कों की निगरानी के निर्देश
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों को निर्माणाधीन और क्षतिग्रस्त सड़कों की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि कलेक्टर आवश्यकता के अनुसार स्वयं मौके पर जाकर स्थिति देखें और संबंधित विभागों तथा निर्माण एजेंसियों के साथ समन्वय कर सड़कों को आवागमन योग्य बनाए रखें।
जहां सड़क क्षतिग्रस्त है या पुल-पुलिया के आसपास कटाव, जलभराव अथवा अन्य समस्या है, वहां चेतावनी संकेतक, बैरिकेडिंग और जरूरत के मुताबिक वैकल्पिक यातायात व्यवस्था करने को कहा गया है।
मानसून में नागरिकों को नहीं होनी चाहिए परेशानी
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मानसून के दौरान खराब सड़कों के कारण नागरिकों को अनावश्यक परेशानी न हो। सड़क राष्ट्रीय राजमार्ग की हो, लोक निर्माण विभाग की, नगरीय निकाय की या किसी अन्य एजेंसी की—जिला प्रशासन को संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर तत्काल जरूरी सुधार कार्य कराने होंगे।
वहीं, बारिश का मौसम समाप्त होने के बाद निर्माणाधीन और स्वीकृत सड़क परियोजनाओं में तेजी लाकर उन्हें गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
इस पूरे घटनाक्रम में सिद्धार्थ यादव का बैले डांस वीडियो सड़क की समस्या को सामने लाने का माध्यम बना और उसके बाद मुख्यमंत्री स्तर से प्रशासन को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए।